देशांतर की परिभाषा: प्रधान मध्याह्न रेखा (Prime Meridian) के पूर्व या पश्चिम में किसी स्थान की कोणीय दूरी को देशांतर कहा जाता है, जिसे अंशों (डिग्री) में व्यक्त किया जाता है।
मध्याह्न रेखाएं (Meridians): उत्तरी ध्रुव को दक्षिणी ध्रुव से मिलाने वाली अर्धवृत्ताकार काल्पनिक रेखाओं को देशांतर रेखाएं कहते हैं; ये सभी रेखाएं लंबाई में बिल्कुल एक समान होती हैं।
प्रधान मध्याह्न रेखा (0° Longitude): ग्रीनविच (लंदन) की वेधशाला से गुजरने वाली रेखा को 0° देशांतर या प्रधान मध्याह्न रेखा माना गया है, जो पृथ्वी को पूर्वी और पश्चिमी गोलार्ध में बांटती है।
देशांतरों के बीच की दूरी: दो देशांतर रेखाओं के बीच भूमध्य रेखा पर अधिकतम दूरी (111.3 किमी) होती है, जो ध्रुवों की ओर घटती जाती है और ध्रुवों पर शून्य हो जाती है।
कुल देशांतर रेखाएं: कुल 360 देशांतर रेखाएं होती हैं—180° पूर्व और 180° पश्चिम; 180° पूर्व और 180° पश्चिम देशांतर वास्तव में एक ही साझी रेखा पर स्थित हैं।
समय की गणना: पृथ्वी 24 घंटे में 360° घूमती है, अर्थात 1° देशांतर घूमने में 4 मिनट का समय लगता है; पूर्व की ओर समय बढ़ता है और पश्चिम में घटता है।
अंतर्राष्ट्रीय तिथि रेखा (IDL): प्रशांत महासागर से गुजरने वाली 180° देशांतर रेखा को अंतर्राष्ट्रीय तिथि रेखा कहते हैं; इसे पार करने पर एक पूरे दिन (24 घंटे) का परिवर्तन होता है।
आईडीएल का विचलन: साइबेरिया, अलास्का और फिजी जैसे भूभागों पर एक ही समय प्रणाली बनाए रखने के लिए अंतर्राष्ट्रीय तिथि रेखा को कई स्थानों पर मोड़ा गया है।
मानक समय (Standard Time): किसी देश के मध्य से गुजरने वाले देशांतर को मानक मध्याह्न रेखा चुना जाता है; भारत का मानक समय 82.5° पूर्व (IST, GMT+5:30) से निर्धारित होता है।
ग्रिड प्रणाली (Geographic Grid): अक्षांश और देशांतर रेखाएं परस्पर समकोण पर कटकर एक भौगोलिक ग्रिड बनाती हैं, जो पृथ्वी पर किसी भी स्थान की सटीक स्थिति तय करता है।